
धमतरी । अर्जुनी में सेक्स रैकेट चलाने के मामले में करहीभदर के दो लोगों को पुलिस ने जेल भेजा है। दोनों सरकारी कर्मचारी हैं। लेकिन खुलासे के एक महीने बाद दोनों पर सिर्फ निलंबन की कार्रवाई की गई है।
बतादें पुलिस ने एक महीने पहले अर्जुनी में चल रहे सेक्स रैकेट का खुलासा किया था, जिसमें दो आरोपी कन्नेवाड़ा (करहीभदर) के दिवाकर डड़सेना व सचिन चंद्रवंशी शामिल थे। दोनों को धमतरी जेल भेज दिया गया है। खुलासे के एक महीने बाद सोरर हायर सेकेंडरी स्कूल में पदस्थ सचिन चंद्रवंशी को शासकीय सेवा से सिर्फ निलंबित किय गया है। वहीं दूसरे आरोपी भंवरमरा सोसायटी में पोस्टेड बाबू दिवाकर को भी जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक के नोडल अधिकारी आरके अलेन्द्र ने निलंबित किया है।
बाबू दिवाकर अपने मामा सरजूराम सिन्हा के घर उनके बेटे ओमकार सिन्हा व दोस्त सचिन चंद्रवंशी के साथ मिलकर सेक्स रैकेट चला रहा था। उस समय पुलिस ने केस में तीन युवक सहित दानीटोला की एक महिला को गिरफ्तार किया था। महिला को रायपुर सेंट्रल जेल भेजा गया है। शेष तीनों आरोपी को धमतरी उपजेल में रखा गया है।
दिवाकर अपने मामा के घर कई लड़कियों को रिश्तेदार बताकर रात रूकवाते थे। फिर रातों रात जिस्मफरोशी का ये धंधा सुलगता था। बताया जा रहा है सेक्स रैकेट में आस पास के कई अच्छे घराने के युवक भी अपनी शौक पूरा करा करते थे।




"
"
B 